Yaar Batohi । यार बटोही [ 14 मुसाफ़िर, 14 कहानियाँ ]
‘यार बटोही’ किताब की यात्रा अपने-आप में एक दिलचस्प कहानी है।
इस कहानी के 14 किरदार (लेखक) एक-दूसरे से अनजान, देश के अलग-अलग हिस्सों में अपनी कहानियाँ जी रहे थे। ये अजनबी हिमालय की हसीन वादियों में नई वाली हिंदी के स्तंभ दिव्य प्रकाश दुबे की एक राइटिंग वर्कशॉप में मिले। उनकी प्रेरणा और राइटिंग टिप्स का प्रभाव वर्कशॉप के बाद भी इस समूह के साथ क़ायम रहा और उसी प्रभाव का परिणाम है यह अनोखा कहानी-संग्रह—‘यार बटोही’।
जिस किताब की प्रेरणा एक यात्रा से शुरू हुई, लाज़मी है कि वो किताब यात्राओं के बारे में ही हो।
इस कहानी-संग्रह में लेखकों ने यात्रा और उसके कई रूपों का उल्लेख किया है, जैसे कि दो जगहों के बीच की यात्रा, आपसी रिश्तों में क़रीब आने की यात्रा, जीवन के अर्थ को समझने की यात्रा, अपनी गलतियों को सुधारने की यात्रा आदि। ‘यार बटोही’ की कहानियाँ यात्रा से जुड़े ऐसे कई पहलुओं को किरदारों, अनुभवों और भावनाओं के ज़रिये जीवंत करती हैं।