Shrestha Dalit Kahaniya by Mudrarakshasa (GRADE-A)
सुप्रसिद्ध विचारक और लेखक मुद्राराक्षस द्वारा संपादित एक अत्यंत महत्वपूर्ण साझा कहानी संग्रह है, जो समकालीन हिंदी साहित्य में दलित चेतना और अस्मिता को पुरजोर ढंग से रेखांकित करता है। इस पुस्तक में अलग-अलग लब्धप्रतिष्ठ कहानीकारों की कुल चौदह मर्मस्पर्शी कहानियों को संकलित किया गया है, जो पारंपरिक सामाजिक ऊंच-नीच के सबसे निचले पायदान पर खड़े लोगों के दैनिक जीवन की दुखभरी दास्तां, जातिगत भेदभाव, दमन और अमानवीय शोषण को बिना किसी लाग-लपेट के उजागर करती हैं। संपादक ने इस संकलन के माध्यम से यह दिखाया है कि कैसे नब्बे के दशक के बाद हिंदी पट्टी में उभरा वैचारिक और सामाजिक आंदोलन केवल पीड़ा की अभिव्यक्ति नहीं है, बल्कि यह रूढ़िवादी सामाजिक व्यवस्था के खिलाफ एक प्रखर विद्रोह, प्रतिरोध और मानवीय अधिकारों की मांग है।